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Image Credits to the owner of the image @Deviantart.com ~MarionBoubou |
खोस-खसोट के, जगह बना के
ऑटो चढ़ गया नत्थू राम
क्या पता था हायरी किस्मत
दे मारेगी सर ट्रैफिक-जाम
लग गया ट्रैफिक-जाम र भैया
लग गया ट्रैफिक-जाम
इंच भी न हिले रे बाबु
मोटर गाडी बस तमाम
पैदल पथ पर चल पड़ा तब
नाथू उम्मीद हार ट्रैफिक-जाम
कान पकड़ भागे दौड़े
हॉर्न करे जीना हराम
गिरता पड़ता नत्थू पर न रुकता
आग का दरिया ट्रैफिक-जाम
जल्दी बजी में कुचलने को राजी
जान का मोल न कोई दाम
कैसे पगले लोग है जाने
यह कैसा ट्रैफिक-जाम?
और जब जैसे तैसे बहार आया
नत्थू ने लिया आराम
सोच में पद गया बैठे बैठे
ज़िन्दगी भी तो है ट्रैफिक-जाम
मुश्किल है और निर्दयी भी
ना कोई सीता है न राम
पेट पकड़ और भाग ले नत्थू
जीवन ट्रैफिक-जाम

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